नारदजी का अंग्रेजी प्रेम
वाह नारदजी. आज शाम अचानक आपकी मुलाकात ली तो भोंचका रह गया. अंग्रेजी ब्लोग की फीड देखकर. लगा की मुझसे ही कहीं भूल हो गई होगी. लेकिन फिर देखा खोली तो सही साइट ही है. पर यह क्या, नारदजी अंग्रेजी जमात के खैरख्वाह भी हो गये.
हा हा हा.....

2 Comments:
नही वत्स, ये अंग्रेजी प्रेम नही है
बल्कि किसी भाई की साइट http://prasang.blogspot.com/ किसी हैकर ने हैक कर ली है, और अपनी दुकान खोल ली है।
आप लोग भी अपने अपने पासवर्ड बचाकर रखें और अपने ब्लॉग किसी भी हालत मे डिलीट ना करें।
अरे बापरे. हम सावधान है.
Post a Comment
Subscribe to Post Comments [Atom]
<< Home